22 July, 2020

कोई आस मत रखना - Koi Aas Mat Rakhna

खुली कपास को शोलों के पास मत रखना
कोई बचाएगा तुमको यह आस मत रखना

ये कह के टूट गया आसमान से तारा
कि मेरे बाद तुम ख़ुद को उदास मत रखना

लगे जो प्यास तो आँखों के अश्क पी लेना
ये रेगिसतान है, जल की तलाश मत रखना

अगर है डर तो अँगारे समेट लो अपने
हवा को बाँधने की हिम्मत मत रखना

छिलेगा हाथ तुम्हारा ज़रा-सी ग़लती पर
कि घर में काँच का टूटा गिलास मत रखना

#LifeShayari #MotivationalShayari

0 comments

Post a Comment