20 May, 2018

अभी से मिलना

हिन्दी दर्द, जुदाई, तन्हाई शायरी। Dard, Judai, Tanhai Hindi Shayari
अभी से मिलना छोड़ दिया है जानम,
इब्तिदा में ऐसा करोगे तो साथ क्या निभाओगे
दिल के टुकड़े दिल से जुदा नहीं होते
अगर दुनिया बेवफा है तो बेवक़फ़ा नहीं होते
गरीब समझ कर उठा दिया उसने अपनी महफ़िल से
क्या चाँद की महफ़िल में सितारे नहीं होते

1 comments: