05 September, 2016

गणेश चतुर्थी वंदना - Ganesh Chaturthi Kavita

गणेश चतुर्थी वंदना

गणेश तेरा रूप है निराला,
कोटि सूर्य का है तुझमें उजाला !

सिंदुर लाल चढ़ाये अपने मन का,
सुन्दर लाल विराजे सुत गौरी-शिव का !

हे गणपति तू सबके दुःख दूर करना ,
संकट में हम सबकी रक्षा करना !

ज्ञानी दानी तू है सिद्धिदाता,
सबके लिए तू प्यार बरसाता !

हाथ में लिए लड्डू प्रभु गजानन,
सब भक्तों को मिले तेरा दर्शन !

हर गुण से पूर्ण है शिव गौरी नंदन,
तुझको भाये कुमकुम केसर चन्दन !

मोतियों का माला चमके तेरे गले पर,
खुशियाँ लहराए सबके द्वार पर !

जय श्री गजराज विद्या सुख दाता,
गणपति बप्पा तू है विघ्न हरता !

तेरे दर्शन से मिले जीवन में सफलता,
झुकाके सिर तेरे पद में मिले प्रसन्नता !

0 comments

Post a Comment