05 August, 2014

Chodiye Hamari Parwah na Kijiye

छोड़िये हमारी परवाह न कीजिये
गलतियों पर हमारी वाह-वाह न कीजिये,
जो करना है हमेशा दिल खोल कर करो
बस गलती से भी कोई गुन्हा न कीजिये,
इतनी भी अब हमें वफ़ादारी न दिखाओ
सर्द रातों में हमारी यु हवा न कीजिये,
दोस्ती में किसी का दिल न दुखाना
हो सके तो किसी के साथ दगा न कीजिये,
मुहब्बत में खुद को बर्बाद न कीजिये
रातों को जग-जग कर सुबह न कीजिये

दिनेश कुमार