04 December, 2012

घायल हिंदुस्तान - Ghayal Hindustan

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चंद सिक्को में बिकता ईमान देख रहा हूँ
लोगो का पेट काटते झूठे बेईमान देख रहा हूँ
कैसा करिश्मा है देखो इस अंधे कानून का
कुर्सियों पर चोरो को विराजमान देख रहा हूँ
इक दूजे का गला काटते देख रहा हूँ
क्या क्या नहीं देख रहा अब मत पूछ मुझसे
सूनी नजरो से घायल हिंदुस्तान देख रहा हूँ.