Skip to main content

Featured

Uski Masrufiyat Mera Intzaar

सब उसकी., मसरूफियत में शामिल हैं...!! बस एक ., मुझ  बे-ज़रूरी के सिवा.....!! #Uski Masrufiyat 

शरमाई-सी तुम

शोर की इस भीड़ में ख़ामोश तन्हाई-सी तुम,
ज़िन्दगी है धूप, तो मदमस्त पुरवाई-सी तुम,
लाओ वो तस्वीर जिसमें प्यार से बैठे हैं हम,
मैं हूं कुछ सहमा हुआ-सा, और शरमाई-सी तुम।।

Comments

Popular Posts