24 November, 2010

हम दोस्त बनाकर - Hum Dost Banakar



हम दोस्त बनाकर किसी को रुलाते नही..

दिल में बसाकर किसी को भुलाते नही..

हम तो दोस्त के लिए जान भी दे सकते हैं...

पर लोग सोचते हैं की हम दोस्ती निभाते नहीं...




Hum Dost Banakar Kisi Ko Rulate Nahi,

Dil Mein Basaakar Kisi Ko Bhulate Nahin,

Hum To Dost Ke Liye Jaan Bhi De De,

Par Log Sochte Hain Hum Dosti Nibhate Nhi.

1 comments:

  1. आज मैं भी यही सोच रहा था ....
    :-)

    ReplyDelete